IND vs ENG, 1st ODI: एजबेस्टन में भारत के ट्रेनिंग सेशन के दौरान, सबका ध्यान विराट कोहली और गौतम गंभीर के बीच के तालमेल परहै. गौर करने वाली बात यह है कि स्टार बल्लेबाज और हेड कोच ने एक-दूसरे से कोई बातचीत नहीं की, जिससे उनके रिश्तों को लेकर चिंताएं एक बार फिर पैदा हो गईं.Gautam Gambhir vs Virat Kohli, IND vs ENG: एजबेस्टन में भारत और इंग्लैंड के बीच पहला वनडे मैच खेला जाने वाला है. उससे पहले एक खबर ने सुर्खियां बटोर ली है. रिपोर्ट के अनुसार विराट कोली और कोच गौतम गंभीर के बीच बातचीत बंद है, जिसका उदाहरण प्रैक्टिस सेशन के दौरान देखने को मिला है. टाइम्स ऑफ इंडिया के रिपोर्ट के अनुसार कोहली और गंभीर के बीच सबकुछ ठीक नहीं है, क्योंकि प्रैक्टिस सेशन के दौरान कोहली और गंभीर के बीच बातचीत नहीं हुई जिसने एक बार फिर टीम के माहौल पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
रिपोर्ट में ये बातें सामने आई है कि एजबेस्टन में पूरे प्रैक्टिस सेशन के दौरान कोहली और गंभीर के बीच कोई बातचीत नहीं हुई. भारतीय स्टार ने मुख्य रूप से नेट्स में अपनी लंबी बैटिंग प्रैक्टिस पर ध्यान दिया, जिसके बाद बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने अलग-अलग कोहली और गंभीर से बात की. इन घटनाओं ने सीरीज से पहले दोनों के बीच के रिश्तों को लेकर फिर से जोरदार चर्चा छेड़ दी है. हालांकि इस बारे में ऑफिशयली कुछ नहीं कहा जा सकता है लेकिन जो भी बातें सामने आई है उसने भारतीय क्रिकेट की छवी को जरूर खराब किया है.
कोहली और रोहित पर रहेगी नजर
कोहली, रोहित और जसप्रीत बुमराह वनडे प्रारूप में खेलने के लिए वापसी कर रहे हैं जिसमें द्विपक्षीय मैचों का महत्व और चमक टी20 क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता के चलते खोती जा रही है. लेकिन 39 वर्षीय रोहित और जल्द ही 38 वर्ष के होने वाले कोहली में अब भी जोश और जुनून बरकरार है. वह अब भी वनडे की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में शामिल है और उनका लक्ष्य अगले साल होने वाले वनडे विश्व कप तक टीम में बने रहना है.उपमहाद्वीप की पिचों की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण पिचों पर जोफ्रा आर्चर और जोश टंग जैसे सटीक गेंदबाजी करने वाले तेज गेंदबाजों का सामना करना एक अलग ही चुनौती है. लेकिन रोहित और कोहली ने पिछले कई सालों में इंग्लैंड के गेंदबाजों की जमकर धुनाई की है और वह इस बात को अच्छी तरह से जानते हैं कि उनसे क्या उम्मीद की जा रही है. इस सीरीज के लिए इन दोनों दिग्गज बल्लेबाजों का टीम में होना इसलिए भी महत्वपूर्ण बन गया है क्योंकि नए टी20 कप्तान श्रेयस अय्यर की अगुवाई में भारतीय टीम मौजूदा दौरे में अपने सात टी20 इंटरनेशनल मैचों में से एक को छोड़कर बाकी सभी मैच हार गई थी.
गंभीर की हो रही है भारी आलोचना
गौतम गंभीर के लिए हालात ठीक नहीं चल रहे हैं, उनके कोचिंग कार्यकाल में भारत को शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा है. आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ मिली करारी हार ने उनकी आलोचना और बढ़ा दी है. इंग्लैंड दौरे के दौरान संजू सैमसन और वैभव सूर्यवंशी को प्लेइंग इलेवन से अंदर और बाहर करने के तरीके को लेकर लेकर संभालने के तरीके को लेकर भी उनकी आलोचना हुई है. पूर्व क्रिकेटरों ने तो मैनेजमेंट को ‘कंफ्यूज्ड’ और ‘प्रोफेशनल नहीं’ तक कह दिया है. ऐसे में यह वनडे सीरीज बतौर कोच गंभीर के लिए काफी अहम है.