अमेरिका और ईरान के बीच तनाव अब भी अपने चरम पर है. यूएस आर्मी ने एक बार फिर से ईरान के तटीय इलाकों पर हमला किया है. अमेरिका सेना का दावा है कि उसने ईरान के रडार को तबाह कर दिया है.अमेरिका और ईरान के बीच समझौता होना अब दूर की बात लगती है. शांति समझौते की उम्मीद पर एक बार फिर पानी फिर गया है. ऐसा इसलिए क्योंकि अमेरिकी सेना ने दावा किया है कि उसने ईरान के समंदर से सटे इलाके पर एक बार फिर से हमला किया है.
अमेरिका की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) फोर्स ने एक्स पर इस हमले की जानकारी भी दी है. CENTCOM ने लिखा, “कुछ देर पहले, CENTCOM फोर्स ने होर्मुज स्ट्रेट की तरफ लॉन्च किए गए चार ईरानी वन-वे अटैक ड्रोन को मार गिराया. अटैक ड्रोन से इलाके के समुद्री ट्रैफिक को तुरंत खतरा था. इसके बाद U.S. फोर्स ने आगे के हमलों से बचने के लिए गोरुक और केशम आइलैंड में ईरानी कोस्टल सर्विलांस रडार साइट्स पर हमला किया. अमेरिकी फोर्स चौकन्नी है और सेल्फ-डिफेंस में ईरानी हमले का जवाब देने के लिए तैयार है.”
ट्रंप ने माना अब भी ईरान में जंग लड़ने की ताकत
अमेरिका और ईरान के बीच जंग में अमेरिका राष्ट्रपति पर युद्ध खत्म करने का दबाव है. NBC न्यूज को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने माना है कि ईरान के पास अभी भी जंग लड़ने की कैपेसिटी है. ट्रंप ने कहा, “ज्यादातर ड्रोन फैक्ट्रियां बंद हो गई हैं, ज्यादातर लॉन्चिंग पैड बंद हो गए हैं और मिसाइल बनाने की फैसेलिटी बंद हो गई हैं. लेकिन उनके पास अभी भी कैपेसिटी है. उनके पास कुछ मिसाइलें हैं, उनके पास कुछ ड्रोन हैं.”
उन्होंने कहा. “मैं कहूंगा कि परसेंटेज के हिसाब से, शायद उनकी मिसाइलों का 21%-22%. यह बहुत सारी मिसाइलें हैं, लेकिन यह वैसी नहीं हैं जैसी तब थीं जब हमने पहली बार हमला किया था.”ईरानी मीडिया ने भी हमले की जताई आशंका
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, ये हमला सीजफायर के अमल में आने के बाद सबसे बड़ा हमला माना जा रहा है. इस हमले से पहले ही नाजुक सीजफायर पर खतरा मंडरा रहा है. वहीं ईरान की सरकारी ब्रॉडकास्टर IRIB ने भी किसी हमले की आशंका जताई है.
IRIB के अनुसार, “दक्षिणी ईरान के सिरिक में सुबह करीब 2:30 बजे कई धमाके सुने गए. किसी भी ऑफिशियल सोर्स ने आवाज की शुरुआत या उसकी डिटेल्स पर कमेंट नहीं किया है.”