Donald Trump on Venezuela Oil: ट्रंप के इस बयान के बाद वैश्विक तेल बाजार में हलचल तेज हो गई है. वेनेजुएला के पास दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार है. ट्रंप की ऑयल-फर्स्ट नीति के संकेतों से कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव आने की संभावना है.Donald Trump on Venezuela Oil: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला पर हमले के बाद अपने बयान से दुनिया भर के राजनीतिक गलियारों और एनर्जी मार्केट में खलबली मचा दी. ट्रंप ने साफ शब्दों में कहा है कि वेनेजुएला में जारी अमेरिकी कार्रवाई की वजह वहां का खजाना यानी तेल है.
ट्रंप का मास्टर प्लान, तेल भी और कब्जा भी
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने खुलासा किया कि वेनेजुएला की पूरी लड़ाई असल में तेल संसाधनों के नियंत्रण को लेकर थी. उन्होंने कहा कि, “दुनिया की सबसे बड़ी अमेरिकी तेल कंपनियां वेनेजुएला में अरबों डॉलर का निवेश करेंगी. दशकों से बदहाल पड़े वेनेजुएला के तेल कुओं और पाइपलाइनों को अमेरिकी तकनीक से ठीक किया जाएगा. हम तेल निकालेंगे और इसे पूरी दुनिया को बेचेंगे.”
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, “तेल चाहने वाले दूसरे देशों की बात करें तो, हम तेल के कारोबार में हैं. हम उन्हें अधिक मात्रा में तेल बेचेंगे. वेनेजुएला की बुनियादी ढांचागत स्थिति इतनी खराब थी कि वे पर्याप्त प्रोडक्शन नहीं कर पा रहे थे.”
कहां फंसा पेच?
वेनेजुएला की गरीबी के पीछे सबसे बड़ी वजह उसका तेल ही है. यहां का तेल हैवी क्रूड ऑयल (Heavy Crude Oil) है. यह तेल शहद की तरह गाढ़ा और चिपचिपा होता है, जिसे जमीन से निकालना बेहद मुश्किल और खर्चीला है. साथ ही इसे रिफाइन करने के लिए हाई लेवल की तकनीक और बड़े निवेश की जरूरत होती है. साथ ही ज्यादा सल्फर होने की वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत भी कम मिलती है. यानी मेहनत ज्यादा, मुनाफा कम वाली बात है. इस हैवी क्रूड को रिफाइन करने की तकनीक अमेरिकी कंपनियों के पास है. ऐसे में इन तेल कुओं की चाबी फिर से वाशिंगटन के हाथों में आने की संभावना बढ़ गई है.
ग्लोबल एनर्जी मार्केट पर क्या होगा असर?
ट्रंप के इस बयान के बाद वैश्विक तेल बाजार में हलचल तेज हो गई है. वेनेजुएला के पास दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार है. ट्रंप की ऑयल-फर्स्ट नीति के संकेतों से कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव आने की संभावना है. अगर अमेरिका वेनेजुएला के तेल पर फिर से कड़ा रुख अपनाता है या उसे पूरी तरह कंट्रोल करने की कोशिश करता है, तो वैश्विक तेल आपूर्ति का समीकरण बदल सकता है.